सात दशक और 111 चंद्र मिशन… 62 रहे सफल, आठ को मिली आंशिक सफलता

मुंबई : अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा के अनुसार पिछले सात दशकों में 111 चंद्र मिशनों में से 62 सफल रहे, 41 विफल रहे और आठ को आंशिक सफलता मिली। 1958 से 2023 तक भारत के साथ अमेरिका, यूएसएसआर (अब रूस), जापान, यूरोपीय संघ, चीन और इजरायल ने अलग-अलग चंद्र मिशन शुरू किए हैं।
17 अगस्त, 1958 को चंद्रमा पर पहला मिशन – पायनियर 0 – अमेरिका ने लांच किया था, लेकिन यह असफल रहा। उसी वर्ष यूएसएसआर और अमेरिका ने छह और मिशन लांच किए, लेकिन सभी विफल रहे। दो जनवरी, 1959 को यूएसएसआर द्वारा लांच किए गए लूना 1 को आंशिक सफलता मिली। जुलाई 1964 में अमेरिका द्वारा लांच किया गया रेंजर 7 मिशन चंद्रमा की नजदीक से तस्वीरें लेने वाला पहला मिशन था।
चंद्रमा पर पहली साफ्ट लैंडिंग और चंद्र सतह से पहली तस्वीरें लूना 9 से आईं, जिसे जनवरी 1966 में यूएसएसआर ने लांच किया था। मई 1966 में, अमेरिका ने सर्वेयर -1 नाम से मिशन लांच किया। जुलाई 1969 में अपोलो 11 मिशन वह ऐतिहासिक अभियान था जिसके माध्यम से मानव ने पहली बार चंद्रमा की सतह पर कदम रखा। तीन सदस्यीय मिशन का नेतृत्व नील एमस्ट्रांग ने किया था।
1958 से 1979 तक केवल अमेरिका और यूएसएसआर ने चंद्रमा मिशन लांच किए। इन 21 वर्षों में दोनों देशों ने 90 अभियान चलाए। 1980-89 तक कोई चंद्र मिशन लांच नहीं हुआ। जापान ने जनवरी 1990 में आर्बिटर मिशन हितेन लांच किया। यह जापान का पहला चंद्र मिशन भी था।
उसके बाद सितंबर 2007 में जापान ने एक और आर्बिटर मिशन सेलेन लांच किया। 2000-2009 तक छह चंद्र मिशन लांच किए गए। इनमें यूरोप (स्मार्ट -1), जापान (सेलीन), चीन, भारत (चंद्रयान -1) और अमेरिका (लूनर रिकोनिसेंस आर्बिटर और एलसीक्रास) शामिल हैं।