मनरेगा से चिस्दा को मिला नया पंचायत भवन : अब ग्रामीण गांव की बनाएंगे योजनाएं और तय करेंगे विकास की दिशा

रायपुर : ग्रामीणों के वर्षों का था कि खुद का पंचायत भवन बने। यह सपना अब पूरा हो गया है। उन्हें खुद का स्थायी पंचायत भवन मिल गया है। जहां से गांव की योजनाएं बनाएंगे और विकास की दिशा तय करेंगे। आज यह भवन केवल ईंट-पत्थरों का ढांचा नहीं है, बल्कि गांव की प्रगति और एकजुटता का प्रतीक है। अब पंचायत की बैठकें सुव्यवस्थित तरीके से होंगी, सामुदायिक कार्यक्रम आसानी से आयोजित होंगे और आने वाली पीढ़ियाँ भी इसका लाभ उठा सकेगी।
बिलासपुर जिले के मस्तुरी ब्लॉक अंतर्गत ग्राम पंचायत चिस्दा में नवीन पंचायत भवन के निर्माण होने से ग्रामीणों में खुशी की लहर है। मनरेगा के तहत निर्मित पंचायत भवन के लिए कुल 18.03 लाख रूपए की राशि स्वीकृत हुई, जिसमें से कुल 16.61 लाख रुपये की राशि व्यय की गई और 1191 मानव दिवस सृजित हुए। इस भवन के निर्माण से ग्राम पंचायत की बैठकों एवं अन्य सामुदायिक आयोजनों हेतु स्थायी स्थल उपलब्ध हो गया है। पूर्व में बैठक एवं पंचायत सामुदायिक कार्यक्रमों हेतु उपयुक्त स्थल के अभाव से ग्रामीणों को असुविधा होती थी, किंतु अब पंचायत भवन के निर्माण से यह समस्या दूर हो गई है। पंचायत भवन निर्माण कार्य में ग्राम पंचायत के ग्रामीणों, कार्य एजेंसी, समस्त संबंधित शासकीय संस्थाओं एवं विभागों का विशेष मार्गदर्शन एवं सहयोग रहा। निर्माण कार्य हेतु स्वीकृत कुल राशि 18.03 लाख रही, जिसमें मजदूरी राशि 4.06 लाख एवं सामग्री राशि 13.97 लाख की स्वीकृति दी गई थी। पंचायत का स्थायी भवन बनने से प्रचायत के अन्तर्गत बैठकों, पंचायत के विकास की दिशा तय करने, ओर विकास की योजना बनाकर क्रियान्वित कराने के लिए एक स्थायी स्थल बन गया, जिससे आने वाले समय में पंचायत को विकास की ओर ले जाने में महत्वपूर्ण भूमिका होगी ।