रूप चौदस पर आयुष्मान योग, चित्रा-स्वाति नक्षत्र का संयोग, इस दिन करें ये उपाय,खुशियों से भर जाएगा घर

नरक चतुर्दशी को रूप चौदस भी कहा जाता है। पंचांग के अनुसार, यह दो दिन 11 और 12 नवंबर को रहेगी। उदया तिथि से इसे 12 नवंबर को मनाया जाएगा। इस दिन दिन में अमावस्या लगने पर दिवाली मनाई जाएगी।
नरक चतुर्दशी 2023 मुहूर्त
चतुर्दशी 11 नवंबर को दोपहर 1 बजकर 50 मिनट से शुरू होकर अगले दिन 2 बजकर 37 मिनट तक रहेगी। इस दिन को सौन्दर्य सिद्धि दिन भी कहते है। इस दिन भगवान कृष्ण, भगवान वामन और राजा बली की पूजा करना फलदायी रहता है।
नरक चतुर्दशी पर शुभ योग
ज्योतिषाचार्य के अनुसार, इस दिन आयुष्मान योग, चित्रा और स्वाति नक्षत्र का योग रहेगा। दोनों नक्षत्र स्त्री संज्ञक माने गए हैं। यह दिन महिलाओं के लिए बेहद खास रहेगा। वे उबटन लगाकर स्नान करें। इस दिन कुलदेवी, देवी लक्ष्मी और श्रीकृष्ण की पूजा और मंत्र जाप करना श्रेष्ठ रहता है।
नरक चतुर्दशी 2023 के उपाय
नरक चतुर्दशी के दिन शरीर पर तेल लगाकार नहाने से आर्थिक तंगी दूर होती है। इस दिन हनुमान जी को सिंदूर और चमेली का तेल मिलाकर चोला चढ़ाने से कष्टों से राहत मिलती है।
नरक चतुर्दशी के दिन यम देव के नाम का दीपक जलाएं। सूर्यास्त के बाद घर के दरवाजे पर 14 दीपक जलाकर दक्षिण दिशा की ओर मुंह करके रखना चाहिए। नरक चतुर्दशी के दिन भगवान कृष्ण ने नरकासुर का वध किया था। इस दिन को काली चौदस भी कहा जाता है। इस दिन माता कालिका की आराधना करने से मनोकामना की पूर्ति होती है।