राष्ट्रीय बजरंग दल के प्रदेश अध्यक्ष भीम साहू ने कहा, भोले भाले हिंदुओं को दिखाया जाता है चमत्कार, बीमार पोप फ्रांसिस अस्पताल में भर्ती, अब चमत्कार क्यों नहीं ?
राष्ट्रीय बजरंग दल के प्रदेश अध्यक्ष भीम साहू ने कहा कि बीमार पोप फ्रांसिस अस्पताल में भर्ती है, अब चमत्कार क्यों नहीं कर रहे पादरी

रायपुर : राष्ट्रीय बजरंग दल के प्रदेश अध्यक्ष भीम साहू ने कहा हिंदूवादी संगठनों का आरोप, बंगाई सभाओं में चमत्कार के नाम पर किया जाता है यदि चंगाई सभाओं में चमत्कार से असाध्य रोग खत्म हो जाते है तो बिस्तर पर क्यों पड़े हैं? पोपअनुयायी पादरी आम लोगों के शारीरिक, आर्थिक और मानसिक कारों के निवारण चमत्कार से करने का दाया है करते हैं। विभिन्न मौकों पर आयोजित होने पाले चंगाई सभाओं में खुले पर चमत्कार के माध्यम से असाध्य या किसी भी जटिल बीमारी को ठीक करने का दावा किया जाता है। सभाओं में भोले भाले हिंदू लोगों को भ्रमित करने का कुल्लित प्रयास किया जाता है। पदरी अपने ही लोगों को योजना के तहत मंच पर बूलवाते हैं और उन्हें चमत्कार से ठीक करने का ढोग करते हैं। यदि उनकी प्रार्थनाओं में इतनी शक्ति और चमत्कार है तो उनके सबसे बड़े धर्मगुरु पीप फ्रांसिस अस्पताल में क्यों भती। चमत्कार से उन्हें भी ठीक क्यों नहीं कर देते।
भीम साहू ने कहा चंगाई सभाओं में कैंसर और एड्स जैसी बीमारियों को ठीक करने का दावा किया जाता है। जबकि ईसाइयों के सबसे बड़े धर्मगुरु पीपफ्रांसिस के घुटने कई दिनों से खराब है, जिसे कोई चमत्कार ठीक नहीं कर सका। अब तो दे अस्पताल में भती है। मतांतरण करवाने आम लोगों को भ्रमित करते हैं, ताकि वे मतांतरण करवा सकें। चंगाई सभाओं में होने वाले चमत्कार महज सिर्फप्रार्थना सभा के लिए कोई निर्देश नहींधर्मगुरु के स्वास्थ्य लाभ के लिए वीं में भी किसी प्रकार के प्रार्थना सभाएं नहीं हो रही है। पद्मनाभपुर स्थित विनसेंट हैं। पाल चर्च के पादरी आगस्टिन ने बताया कि पोप फ्रांसिस के लिए प्रार्थना सभा करवाने के संबंध में उन्हें रोमन कैथलिय के वरिष्ठ धर्मगुरुओं का कोई निर्देश नहीं मिला है, इसलिए पैसी कोई धर्मसभा नहीं आयोजित की जा रही है।पहुंचने वाले कई लोग इसे सय भी मान लेते हैं और मांतरित हो जाते हैं। मतंतरण के लिए अपनाए जाने वालेइस तरीके को लेकर भी हिंदूवादी संगठन जो लोग लगातार विरोध करते रहे हैं। इसी बीच ईसाइयों के सबसे बड़ेगर्मगुरु पोप फ्रांसिस के बेटिकन के अस्पताल में भर्ती होने के बाद ये सकल खड़े होने लगे हैं कि गीशु के अनुयागिनोंके पास अप ऐसी कोई चमत्वारि शक्ति नहीं हैं, जिससे वे अपने सबसे बड़े चर्मगुरु को लोक कर सकें|
भीम साहू ने कहा धर्मांतरण का बड़ा व्यापार भारत देश में किया जा रहा है जो लोग अलौकिक चमत्कार से दुनिया के गरीबों और दुखियारों का दुख दूर करने का दावा करते हैं। और धर्मांतरण कराते हैं और लोगों को उपदेश देते हैं कि हर रोग, हर दुख से हमारे परमेश्वर मुक्ति दिलाएंगे तो आज जब उनके धर्म गुरु का स्वास्थ्य ठीक नहीं है, और बिस्तर पकड़ लिए हैं, तो आज उनके कथित परमेश्वर का वो चमत्कार क्यों कार्य नहीं कर रहा है। वो अलौकिक चमत्कार क्यों कारगर साबित नहीं हो रहा है। दरअसल ये सब अलौकिक चमत्कार और प्रलोभन मात्र धर्मांतरण के लिए किया जाता है ताकि देश प्रदेश का गरीब तबका, अशिक्षित वर्ग प्रलोभन में फंस कर धर्मांतरण कर लें। धर्मांतरण एक ऐसा दीमक है जो हिन्दू धर्म को धीरे धीरे खोखला करने पर लगा हुआ है, क्योंकि हिन्दू धर्म को आज दुनिया भर में स्वीकार्यता मिल रही है, प्रशंसा हो रही है, वैदिक ग्रंथों की ओर पूरी दुनिया का रुझान बढ़ा है। ऐसे में कई लोग धर्मांतरण के जरिए हिन्दू धर्म को कमजोर करने की कोशिशें कर रहे हैं। धर्मांतरण के विरुद्ध भीम साहू लगातार आवाज उठाते रहे हैं और उठा रहे हैं। वो लगातार लोगों से बात कर जानकारी एकत्रित करते रहते हैं और लोगों को हिन्दू धर्म के प्रति जागरूक करते रहते हैं। ऐसे में धर्मांतरण करने वालों के लिए भीम साहू एक बड़ी चुनौती बन गए हैं।