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‘लाल आतंक’ के खिलाफ सुरक्षाबलों को मिली बड़ी सफलता : जवानों के साथ गाड़ी में आए 12 नक्सली, हथियारों के साथ किया आत्मसर्मपण

Chhattisgarh February 5, 2026 रिपोर्टर: shailesh
‘लाल आतंक’ के खिलाफ सुरक्षाबलों को मिली बड़ी सफलता : जवानों के साथ गाड़ी में आए 12 नक्सली, हथियारों के साथ किया आत्मसर्मपण

‘लाल आतंक’ के खिलाफ सुरक्षाबलों को मिली बड़ी सफलता : जवानों के साथ गाड़ी में आए 12 नक्सली, हथियारों के साथ किया आत्मसर्मपण

बीजापुर : छत्तीसगढ़ में एक बार फिर ‘लाल आतंक’ के खिलाफ सुरक्षाबलों को बड़ी सफलता मिली है. बड़ी संख्या में नक्सली हथियार छोड़कर मुख्यधारा में लौट रहे हैं. इस कड़ी में एक बार फिर 5 फरवरी को नक्सलियों ने सरेंडर किया है. बीजापुर में डीवीसीएम और एसीएम समेत 12 नक्सलियों ने हथियारों के साथ आत्मसमर्पण किया है.

जवानों के साथ पहुंचे 12 नक्सली

12 नक्सली जवानों के साथ दो गाड़ियों में सवार होकर बीजापुर एसपी ऑफिस पहुंचे. यहां सभी नक्सलियों ने हथियारों के साथ सरेंडर किया. इन नक्सलियों में कई प्रमुख नकस्ली भी शामिल हैं. इनमें सोमडु मड़कम- डीवीसीएम शामिल है, जो अपने साथ एके 47 रखता था, चमन लाल उर्फ छोटू- एसीएम, जो अपने साथ एसएलआर रखता था और सन्ना माड़वी- पार्टी सदस्य, जो एसएलआर रखता था शामिल हैं.

सुकमा में नक्सलियों की साजिश नाकाम

वहीं, सुकमा जिले में जवानों ने नक्सलियों की साजिश को नाकाम कर दिया है. जिले के नक्सलगढ़ गोगुंडा में सीआरपीएफ 74 और कोबरा 201 की संयुक्त टीम ने कार्रवाई करते हुए एरिया डोमिनेशन के दौरान नक्सलियों का हथियार डंप बरामद किया है. गोगुंडा पहाड़ की दूसरी छोर पर खतरनाक बम मिला है. जवानों ने मौके पर ही 5 किलो वजनी बम को सुरक्षित तरीके से निष्क्रिय कर दिया.

बता दें कि एक दिन पहले ही माओवादी लीडर रमन्ना का स्मारक ध्वस्त किया गया था. वहीं, लगातार कार्रवाई से नक्सलियों में घबराहट साफ दिख रही है. इस कार्रवाई को लेकर सीआरपीएफ कमांडेंट हिमांशु पांडे ने कहा कि इलाके को भयमुक्त बनाना लक्ष्य है. वर्षों से खौफ में जी रहे ग्रामीणों में भरोसा लौट रहा है. गोगुंडा की पहाड़ियों में शांति और विकास की दस्तक मजबूत हुई है.

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