नगरीय निकायों की अचल संपत्तियों के हस्तांतरण के लिए नए नियम लागू, ई-टेंडर प्रक्रिया से होगा आवंटन

रायपुर: छत्तीसगढ़ में अचल संपत्तियों की खरीद और बिक्री के नियमों में बदलाव किया गया है. अब से नगरीय निकायों की जमीन, दुकान, भवन और अन्य अचल संपत्तियों को खरीदने के लिए आपको नए नियमों का पलान करना होगा क्योंकि राज्य शासन ने छत्तीसगढ़ नगरपालिका (अचल संपत्ति व्ययन) नियम, 2026 लागू कर दिए हैं.
अब ई-निविदा प्रक्रिया अपनानी होगी
नए नियमों के मुताबिक किसी भी अचल संपत्ति को बेचने, पट्टे पर देने या अन्य तरीके से हस्तांतरित करने के लिए मुख्य रूप से ई-निविदा प्रक्रिया अपनानी होगी. सबसे खास बता ये है कि संपत्ति उसी व्यक्ति को दी जाएगी जो निर्धारित प्रक्रिया के तहत सबसे अधिक बोली लगाएगा. ई-टेंडर की सूचना कम से कम 15 दिन पहले प्रकाशित करनी होगी.
पट्टे की अवधि 30 वर्ष के लिए निर्धारित
इतना ही नहीं नए नियम के मुताबिक 50 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की संपत्ति के लिए राज्य सरकार की मंजूरी भी जरूरी हैं. पट्टे की अवधि 30 वर्ष के लिए निर्धारित की गई है वही नवीनीकरण का भी प्रावधान रखा गया है. नए नियमों (Urban Local Body Property Rules) में संपत्ति ट्रांसफर की मंजूरी देने वाले अधिकारियों की वित्तीय सीमाएं भी तय की गई हैं.
विवादित मामलों क्या होगा?
विवादित मामलों की बात करें तो ऐसे मामलों में सुनवाई के बाद ही अंतिम निर्णय लिया जाएगा. नए नियमों का उद्देश्य निकायों की संपत्तियों के उपयोग, आवंटन और बिक्री प्रक्रिया में पारदर्शिता लाना है. नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने इसकी अधिसूचना जारी करते हुए सभी नगर निगम, नगर पालिका और नगर पंचायतों को नए नियमों का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए हैं.