भारतीय बिल्ली ने पाकिस्तान में मचाई उथल-पुथल, क्या हुआ जब पाक संसद में घुसी इंडियन सिवेट कैट?

इस्लामाबाद : पाकिस्तान में एक जंगली जानवर मंगलवार को संसद भवन में घुस गया और ऑफिस की कई चीजों को तहस-नहस कर दिया। यह जानवर एक इंडियन सिवेट बिल्ली थी जो दक्षिण और दक्षिणपूर्व एशिया में पाई जाती है। यह बिल्ली एडिश्नल सेक्रेटरी सीनेट हफीजुल्लाह शेख के ऑफिस में घुस गई। संसद के कर्मचारियों ने कहा कि जानवर एक दिन पहले भी कार्यालयों में घुसा था। बिल्ली के कारनामों के वीडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट किए गए हैं जिसमें इंडियन सिवेट बिल्ली (Indian Civet Cat) को टूटे कांच से ऑफिस में दाखिल होते देखा जा सकता है।

पाकिस्तानी न्यूज की खबर के अनुसार ऑफिस में घुसने के बाद बिल्ली तोड़फोड़ मचाने लगती है। वीडियो में एक गिरी हुई टीवी, उलटा हुआ मॉनिटर, बिखरे हुए कागज और कुछ बिखरे हुए पौधे नजर आ रहे हैं। इस्लामाबाद के वाइल्डलाइफ मैनेजमेंट बोर्ड (IWMB) के अधिकारियों को जानवर का पीछा करते देखा जा सकता है। कड़ी मशक्कत के बाद अधिकारी उसे पानी में डुबोने के बाद ही काबू में कर सके।

जंगली जानवर लेकिन पूरी तरह सुरक्षित’

आईडब्ल्यूएमबी की अध्यक्ष रीना खान सत्ती ने कहा कि संभावना है कि बारिश से बचने के लिए जानवर ऑफिस में घुसा था। उन्होंने अपने ट्वीट में कहा, ‘यह एक जंगली जानवर है लेकिन पूरी तरह हानिरहित है।’ सत्ती ने जानकारी दी कि आईडब्ल्यूएमबी के अधिकारियों ने जानवर को उसके आवास में छोड़ दिया है। उन्होंने बताया कि सिवेट कैट मूल रूप से दक्षिण एशिया की निवासी है। बड़े पैमाने पर फैली अपनी आबादी के चलते इसे इंटरनेशनल यूनियन फॉर कंजर्वेशन ऑफ नेचर रेड लिस्ट में ‘सबसे कम खतरनाक’ के रूप में शामिल किया गया है।

भारत में पाई जाती है बिल्ली

उन्होंने बताया कि यह जानवर आमतौर पर हरे इलाकों, कस्बों और शहरों में पाए जाते हैं। इंडियन सिवेट कैट भारत, श्रीलंका, म्यांमार, थाईलैंड, लाओस, कंबोडिया, वियतनाम, दक्षिण और मध्य चीन और ताइवान में पाई जाती है। साल 2008 में जम्मू-कश्मीर के दाचीगाम नेशनल पार्क में पहली बार एक सिवेट कैट देखी गई थी। असम में तारापुर गांव के लोग मांस के लिए इसका शिकार करते हैं और इसकी त्वचा को दवा के रूप में इस्तेमास करते हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button

This will close in 20 seconds