लॉगिन

एक्शन में एसीबी : दुर्ग में बोरी तहसील का बाबू रिश्वत लेते पकड़ाया, जमीन नामांतरण के लिए मांगे थे पैसे

Chhattisgarh July 4, 2025 रिपोर्टर: shailesh
एक्शन में एसीबी : दुर्ग में बोरी तहसील का बाबू रिश्वत लेते पकड़ाया, जमीन नामांतरण के लिए मांगे थे पैसे

एक्शन में एसीबी : दुर्ग में बोरी तहसील का बाबू रिश्वत लेते पकड़ाया, जमीन नामांतरण के लिए मांगे थे पैसे

दुर्ग। छत्तीसगढ़ में रिश्वतखौरी को लेकर एसीबी मोड में है गुरुवार को एसीबी ने दुर्ग जिले के बोरी तहसील कार्यालय के बाबू वीरेंद्र तुरकाने और रायपुर के पटवारी पुष्पेंद्र गजपाल को रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है। आरोपियो को गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध धारा 7 एवं 12 पीसीएक्ट 1988 (संशीधित अधिनियम 2018) के प्रावधानों के तहत कार्यवाही की जा रही है।

दुर्ग में एसीबी ने तहसील कार्यालय के बाबू को रिश्वत लेते हुए पकड़ा

दुर्ग निवासी प्रारथी झनेन्दर कुमार ने एसीबी रायपुर में शिकायत दर्ज करवाई थी कि, उनके द्वारा ग्राम टेकापारा में जमीन खरीदी गई है, जिसके नारमातरण के लिये तहसील कार्यालय बौरी के बादू वीरेद्र तुरकाने से संपर्क करने पर उनके द्वारा 04 जमीन के नामांतरण के लिये प्रति जमीन 5,000 रूपये के हिसाब से 20000 रूपये रिश्वत की मांग की गई है। प्रा्थी रिश्वत नहीं देना चाहता था बल्कि आरोपी को रिश्वत लैते रंगे हाथों पकड़वाना चाहता था। शिकायत सत्यापन दौरान मौलभाव करने पर आरोपी द्वारा 17,500 रुपए लैने पर सहमत हुआ। 03 जुलाई को ट्रेप आयोजित कर प्रारी से बादू वीरेनद्र तुरकाने को 17,.500 रूपये रिश्वत लैते रंगे हाथों पकड़ा गया। आरोपी को गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध धारा 7 पीसीएक्ट 1988 (संशीचित अधिनियम 2018) के प्रावधानों के तहत्‌ कार्यवाही की जा रही है।

अभनपुर में पटवारी रिश्वत लेते पकड़ाया

वहीं रायपुर के प्रार्थी जयवर्धन बघेल ने एसीबी में शिकायत की गईं थी कि उनके द्वारा ग्राम गोतियाडीह में जमीन खरीदी गई है, जिसके नामांतरण के लिये पुष्पेन्द्र गजपाल, पटवारी, गोतियाडीह अभनपुर द्वारा 8,000 रूपये रिश्वत की मांग की गई है। प्रार्थी रिश्वत नहीं देना चाहता था बल्कि आरोपी को रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़वाना चाहता था। शिकायत सत्यापन पश्चात्‌ 3 जुलाई को ट्रैप आयोजित कर प्रार्थी से पटवारी पुष्पेन्द्र गजपाल एवं उनके सहयोगी गौतम कुमार, कोटवार, नायकबांधा अभनपुर को रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा गया। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध धारा 7 एवं 12 पीसीएक्ट 1988 (संशोधित अधिनियम 2018) के प्रावधानों के तहत्‌ कार्यवाही की जा. रही है।

खबर शेयर करें:

This will close in 20 seconds